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Saturday, July 23, 2011

Fwd: [AMRIT VANI ] आज का जीवन सूत्...




Subject: [AMRIT VANI Good thoughts by Param Pujay SUDHANSHUJI Maharaj] आज का जीवन सूत्...






आज का जीवन सूत्र-23-7-2011
तिजोरियों में धन कैद किया जा सकता है खुशियां नहीं !
पूज्य सुधांशुजी महाराज


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Friday, July 22, 2011

Fwd: [jigyasa aur samadhan] मुझे क्रोध बहुत आता हे



---------- Forwarded message ----------
From: Madan Gopal Garga <mggarga@gmail.com>
Date: 2011/7/21
Subject: [jigyasa aur samadhan] मुझे क्रोध बहुत आता हे
To: mggarga1@gmail.com



प्रश्न :-मुझे क्रोध बहुत आता हे !क्रोध की स्थिति में कुछ भी कर डालता हूँ जो कई बार बहुत हानिकारक भी होता है ! में क्या करूँ कैसे अपने क्रोध को रोकूँ? 
गुरूदेव :-आप पहले तो एकांत में बैठकर यह विचार करें कि आपको क्रोध आता ही क्यों है !सामान्यत: व्यक्ति जो सोचता है वह नहीं हो पाए ,स्वार्थ सिद्धि  में बाधा आए , अथवा परिस्थितियाँ प्रतिकूल हो जाए तो क्रोध आता है ! हानि  से बचने के लिए आवश्यक यह है कि जब भी क्रोध आए , लम्बी गहरी श्वास लें और क्रोध के विषय से स्वंय को दूर ले जाए और प्रतिकार को २४ घंटे के लिए टाल दें !मन में अपने गुरु का ध्यान और मन्त्र जाप शुरू कर दें !बाद में एकांत में विचार करें इस स्थिति के लिए में कहाँ तक दोषी हूँ !


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Posted By Madan Gopal Garga to jigyasa aur samadhan at 7/21/2011 05:41:00 PM

Thursday, July 21, 2011

शांति की इच्छा

शांति की इच्छा से शांति नहीं आती ,इच्छा की शांति से शांति आती है ! इसलिए ईच्छाओं को शांत करो शांति अपने आप आजाएगी ! 

आज का विचार - 7/20/11






जीवन परिवर्तन का नाम है और परिवर्तन जीवन का सौंदर्य है।

परम पूज्य सुधांशुजी महाराज


Change is a part of life and is, in fact, the beauty of life.


Translated by Humble Devotee
Praveen Verma

 
 

Wednesday, July 20, 2011

क्रोध को क्षमा से

                                                      दूसरों को क्षमा लरना सीखो , क्रोध को क्षमा से ,हिंसा को क्षमा से ,सहनशीलता से ,शांती से ,प्रसन्नता से , सोम्यतासे ,मधुरता से , शिष्टता से जीतने की कोशिश करो विशेषता आयेगी !

Fwd: आज का विचार - 7/19/11




जीवन के अन्तिम क्षण तक दूसरों की सेवा, सहायता, सहयोग की कामना तो रखो, परन्तु किसी से माँगने की कामना नहीं ।

परम पूज्य सुधांशुजी महाराज


Have the desire to serve and help others until the last moments of your life.

However, do not have the desire to ask for something from someone.


Translated by Humble Devotee
Praveen Verma



Tuesday, July 19, 2011

Fwd: आज का विचार - 7/18/11






यदि किसी का प्रिय कार्य कर दिया है तो उसके सम्बन्ध में मौन रहो और यदि किसी ने तुम्हारा उपकार किया है तो उसे सबके सामने प्रकट करते रहो।



परम पूज्य सुधांशुजी महाराज


If you do any task which is dear to someone, remain quiet about it. And if someone does something good for you,

 

 you must acknowledge that in front of everyone.


 
Translated by Humble Devotee
Praveen Verma




Monday, July 18, 2011

आज का विचार - 7/17/11



जो हम पाना चाह्ते है उसका कारण कर्म में छिपा है। अच्छा कर्म करने से अच्छा फल पाया जा सकता है।



परम पूज्य सुधांशुजी महाराज


Success comes from continuing to persist until we accomplish whatever we want to accomplish. Good deeds reap fruitful awards.


 

Translated by Humble Devotee
Praveen Verma




Saturday, July 16, 2011

त्याग की भावना

जहां भी त्याग की भावना होगी उस में पैदा होगा प्रेम ,और प्रेम ही वह बंधन जो संसार को बांधे हुए हे ,प्रेम ही वह धुरी है जिस पर संसार टिका हुआ हे ! इस लिए हमेशा त्याग की भावना अपने अदंर रखो , स्वार्थी मत् बनो !

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