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parampujy Guruvar Sudhanshuji Maharaj ka Shishay

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Friday, July 5, 2013

hanumanji


bholenath


Fwd: [Jai Mata Di] = सुप्रभात = आइये . . चलते है . . " श्री जगन्नाथ...





Rajneesh Jyotish
= सुप्रभात = आइये . . चलते है . . " श्री जगन्नाथ पुरी " . . 10 जुलाई . .2013 . " भगवान् श्री जगन्नाथ " की रथयात्रा . . .
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= "श्री जगन्नाथ धाम" - चार परम धामों में एक है.. . मान्यता है कि शेष तीन धामों में बद्रीनाथ सतयुग का, रामेश्वर त्रेता का तथा द्वापर का द्वारका धाम, किन्तु इस कलियुग का पावनकारी धाम तो जगन्नाथ पुरी ही है. यूं तो जगन्नाथ पुरी में बैशाख तृतीया से ज्येष्ठ कृष्ण अष्टमी तक, 21 दिनों की चन्दन यात्रा होती है लेकिन आषाढ़ शुक्ल द्वितीय को श्री जगन्नाथ जी की रथ यात्रा होती है . . जो कि इस धाम का प्रधान महोत्सव है. इस यात्रा में तीन विशाल रथ भव्य तरीके से सजाए जाते हैं, जिसमें पहले में " श्रीबलराम जी " , दूसरे में " सुभद्रा " तथा " सुदर्शनचक्र " और तीसरे में " स्वयं भगवान श्रीजगन्नाथ जी " विराजमान होते हैं. . . रथ यात्रा महोत्सव में प्रथम दिन प्रभु का रथ संध्या तक जगन्नाथ पुरी स्थित गुंडीचा मंदिर पहुंच जाता है. . . दूसरे दिन भगवान को रथ से विधि पूर्वक उतार कर इस मंदिर में लाया जाता है और अगले 7 दिनों तक श्रीजगन्नाथ जी यहीं निवास करते हैं. कहा जाता है कि शेष समय में इस मंदिर में कोई मूर्ति नहीं रहती. इस रथ यात्रा महोत्सव के दौरान भगवान श्रीजगन्नाथ जी के दर्शन को आड़प दर्शन कहा जाता है, जिसका कि पुरानों में बड़ा महात्म्य बताया गया है. . .
. .,
= पौराणिक मान्यता है . . कि - द्वारका में एक बार "श्री सुभद्रा जी " ने नगर देखना चाहा, तो " भगवान श्रीकृष्ण " और " श्रीबलराम जी " उन्हें पृथक रथ में बैठा कर अपने रथों के मध्य में उनका रथ करके उन्हें नगर दर्शन कराने ले गए. . इसी घटना के स्मरण के रूप में भक्तगण भगवान के इस परम धाम में प्रत्येक वर्ष इस रथ यात्रा का भव्यता पूर्वक आयोजन करते हैं . . .
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= अगर भारतीय संस्कृति की बात की जाये - तो खंडित मूर्ति की पूजा नहीं की जाती - लेकिन जगत के नाथ . . " श्री जगन्नाथ " को खंडित स्वरुप में ही पूजा जाता है . . .क्योकि भगवान् की जो मूर्ति मंदिर में रखी है . . उसमे " भगवान् जगन्नाथ " के कान , पाँव , हाथ के पंजे और पलके नहीं है . . .
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= साल में एक बार " भगवान् जगन्नाथ " को स्नान करवाया जाता है - जिससे उन्हें ठंड लगती है - और वो बीमार पड़ते है . . " भगवान् जगन्नाथ " ज्येष्ठ पूर्णिमा को बीमार पड़ते है - और ठीक रथयात्रा के एक दिन पहले ठीक हो जाते है . . .
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= तो . . आप तैयार है . न . . " रथयात्रा " में शामिल होने के लिए . .
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Saturday, June 29, 2013

Fwd: [Jai Mata Di] http://shribaglamukhi.wordpress.com



http://shribaglamukhi.wordpress.com
Sumit Girdharwal
Mahavidya Shri Baglamukhi Sadhana Aur Siddhi
shribaglamukhi.wordpress.com
Baglamukhi Bija Mantra, Baglamukhi Kavach, Baglamukhi Yantra, Baglamukhi Mool Mantra, Baglamukhi Bra...



Fwd: [Vishwa Jagriti Mission ( World Awakening Mission)] Omkareshwar mandir.delhi .guruji' s tasposthali...




Prajesh Verma
Omkareshwar mandir.delhi .guruji' s tasposthali .just now




Fwd: [Just Hari Nama Hare Krishna Hare Rama] http://www.youtube.com/watch?v=q1uj3_rW7Uc&list=RD...





Damo Dhari
Mahamrtiyunjay Mantra 108 Times By Anuradha Paudwal
www.youtube.com
Mahamrityunjay Mantra Story is associated with Rishi Markendeya who was the son of Markand. Markand ...



Fwd: [Vishwa Jagriti Mission ( World Awakening Mission)] ॐ नमः शिवाय .....



Sourabh Kapoor
ॐ नमः शिवाय .....



Fwd: [Gita Press,Gorakhpur] New photo

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